दुराचारी को बचाने के लिए मदरसे ने जारी किया झूठा बर्थ सर्टिफिकेट

सर्टिफिकेट में ‘20 साल’ के आरोपी की उम्र बताई 9 साल

कश्मीर घाटी में एक 3 साल की मासूम बच्ची के साथ दुराचार का मामला सामने आया है, लेकिन दिल्ली के मीडिया को अभी ये दिखाई नहीं दिया है. और आश्चर्यजनक रूप से मामले को दबाने तथा दुराचारी को बचाने के लिए आरोपी को नाबालिग साबित करने के प्रयास भी किए जा रहे हैं. इस्लामिक एजुकेशन ट्रस्ट के मदरसे ने झूठा बर्थ सर्टिफिकेट जारी किया है. जिसमें आरोपी की उम्र दस साल से भी कम दर्शाई गई है. जबकि पुलिस के अनुसार दुराचार के आरोपी की उम्र 20 साल के आसपास है. हैरानी की बात है कि मदरसे को जम्मू कश्मीर में इस्लामिक एजुकेशन ट्रस्ट चलाता है. बांदीपोरा के डिप्टी कमिश्नर शाहिद चौधरी ने खुद ट्वीट कर इस झूठे सर्टिफिकेट और मदरसे के प्रिंसिपल पर सवाल उठाया है.

बीते बुधवार उत्तरी कश्मीर में बांदीपोरा जिले के त्रेगाम गांव में इफ्तारी से ठीक पहले जब अजान गूंज रही थी, तब एक 20 साल के शख्स ने पड़ोस में रहने वाली 3 साल की बच्ची को टॉफी देने के बहाने बुलाया और टॉयलेट में ले जाकर रेप किया. दर्द से चीखती मासूम बच्ची ने अपने मां-बाप को घटना की जानकारी दी. जिसके बाद गांव वालों ने वहशी आरोपी रेपिस्ट ताहिर अहमद मीर उर्फ मुब्बा को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया और बच्ची को अस्पताल में भरती करवाया गया.

रविवार को बांदीपोरा रेप केस को लेकर घाटी के कई इलाकों में विरोध प्रदर्शन हुए, जिसमें प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाबलों के साथ झड़प भी हुई. मामले की गंभीरता को देखते हुए जम्मू कश्मीर पुलिस ने बयान जारी कर कहा कि 3 साल की बच्ची के साथ रेप करने वाला आरोपी गिरफ्तार किया जा चुका है. पुलिस आरोपी को कड़ी से कड़ी सजा दिलवाएगी. पुलिस ने स्पष्ट किया कि आरोपी की उम्र मेडिकल टेस्ट (डीएनए टेस्ट) से पता की जाएगी. पुलिस ने बांदीपोरा के मदरसे के प्रिंसिपल के खिलाफ भी कार्रवाई का आश्वासन दिय़ा है. पुलिस मामले की जांच के लिए स्पेशल इंवेस्टिगेशन टीम गठित कर चुकी है.

You may also like...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

10 + 19 =